छत्तीसगढ़ के इस जिले में एक ही परिवार के 4 लोगों ने खाया जहर, सभी की हालत गंभीर

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दुर्ग न्यूज, 8 जुलाई। छत्तीसगढ़ के बेमेतरा जिले के चिचोली गांव में एक ही परिवार के 4 लोगों ने जहर खाकर आत्महत्या करने की कोशिश की है। चारों को गंभीर हालत में बलौदाबाजार भाटापारा जिले के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

बताया जा रहा है कि यादव परिवार की बहू का गर्भपात हो जाने को लेकर ससुर ने मायके वालों के खिलाफ थाने में मामला दर्ज करवाने की धमकी दी थी, जिसके डर से चारों ने जहर खा लिया। इस मामले में नांदघाट थाना पुलिस जांच कर रही है।

मिली जानकारी के अनुसार बेमेतरा जिले के चिचोली ग्राम में रहने वाले वीरेंद्र यादव के परिवार के 4 लोगों ने शुक्रवार रात को जहर खा लिया। मां कुंती यादव, बेटी फुलेश्वरी, बेटा दिलीप यादव और मामा वीरेंद्र यादव ने ऑर्गेनोफॉस्फोरस नामक कीटनाशक का सेवन कर लिया है, जिसके चलते सभी की हालत बिगड़ गई। तबियत खराब होता देख परिवार के लोग सभी को लेकर भाटापारा के निजी अस्पताल आए। चारों को तुरंत यहां भर्ती कर लिया गया। सभी की हालत फिलहाल गंभीर बनी हुई है। पुलिस का मानना है कि यादव परिवार में बेटी-दामाद के बीच पारिवारिक कलह के कारण यह घटना हुई है।

थाना प्रभारी प्रमोद शर्मा ने बताया कि घटना की सूचना सरपंच ने थाने में दी। जांच में पता चला है कि फुलेश्वरी यादव जिसकी शादी भाटापारा में नंदलाल यादव के बेटे के साथ हुई है, वो अपनी डिलीवरी के लिए अपने मायके चिचोली आई हुई थी, यहां उसका गर्भपात हो गया। फुलेश्वरी के ससुर नंदलाल ने फोन पर बहू के मामा वीरेंद्र से डिलीवरी डेट के बारे में पूछा, तब उसने बताया कि भांजी का गर्भपात हो गया है। इस पर ससुर ने नाराजगी जाहिर करते हुए जबरदस्ती अबॉर्शन का आरोप लगाया और कहा कि वो थाने में रिपोर्ट दर्ज करवा देगा। पुलिस की बात सुनकर मायके वाले डर गए और फुलेश्वरी यादव (28 वर्ष), उसकी मां कुंती यादव (50 वर्ष), भाई दिलीप यादव (26 वर्ष) और मामा वीरेंद्र यादव (43 वर्ष) ने जहर खा लिया। इससे उनकी हालत बिगड़ती गई। पड़ोसियों ने सरपंच सूचना दी। सरपंच ने थाने में जानकारी दी। चारों को शुक्रवार रात में भाटापारा के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया।

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