छिपछिपी गांव में रखी हैं सालों पुरानी ऐतिहासिक प्रतिमाएं | Years old historical statues are kept in Chhipchapi village

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मनेंद्रगढ़20 घंटे पहले

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ग्राम छिपछिपी में वराह अवतार की प्रतिमा मिली है। यह इस बात का प्रमाण है, कि यदि पुरातत्व विभाग सर्वे कराकर यहां खुदाई कराए तो यह ग्राम और जिला दोनों पुरातत्व के नक्शे में आ सकता है। लेकिन विभाग को सर्वे किए चार-पांच वर्ष हो चुके हैं। इस दौरान न तो क्षेत्र में खुदाई कराई गई और न ही प्राचीनकालीन प्रतिमाओं को सहेजने का कोई प्रयास किया गया। इस वजह से प्रतिमाएं धीरे-धीरे खंडित होती जा रही हैं। ग्राम छिपछिपी के वार्ड क्र. 1 मूरत पारा में चतुर्भुज विष्णु प्रतिमा सहित अन्य धार्मिक प्रतिमाओं के साथ-साथ राजा धवरेल के राजघराने के अवशेष मिले हैं।

ग्रामीणों के द्वारा भगवान विष्णु की प्रतिमा को पांच विशालकाय पेड़ों इमली, तेंदू, हर्रा, पीपल और कारी के बीच सहेज कर रखा गया है। ग्राम छिपछिपी निवासी 63 वर्षीय फूल सिंह बताते हैं कि उनके बाबा जब यहां आए थे तब घनघोर जंगल था। बाबा ने उन्हें बताया था कि सुखराम नामक बाबा के द्वारा यहां जमीन पर बिखरी पड़ीं मूर्तियों को पेड़ों के नीचे खड़ा कर सहेज कर रखा गया है।

प्राचीनकाल से लेकर आज तक ग्रामीणों ने वराह अवतार के रूप में यहां हर साल चैत्र रामनवमीं के अवसर पर पेड़ों के नीचे स्थापित प्रतिमाओं की विधि-विधान से पूजा-अर्चना की है। वहीं छिपछिपी मूरतपारा निवासी 45 वर्षीय रूप सिंह ने बताया कि करीब साल भर पहले कुछ लोग गांव में आए थे और उनके द्वारा प्राचीनकालीन मूर्तियों को ले जाने गांव वालों के सामने अपनी इच्छा जाहिर की, लेकिन उन्हें ऐसा करने से मना कर दिया गया।

पांच साल पहले सर्वे, रिपोर्ट अभी तक नहीं
पुरातत्व विभाग कोरिया शाखा प्रभारी बालमीकी दुबे ने बताया कि 5-6 वर्ष पहले पुरातत्व संचालनालय रायपुर की टीम ग्राम छिपछिपी से सर्वे करके गई है। लेकिन आज तक वहां से कोई रिपोर्ट प्राप्त नहीं हुई है। उन्होंने बताया कि सर्वे के लिए आई टीम ने ग्रामवासियों को मूर्तियों को सुरक्षित रखने के लिए कहा था और आज भी मूर्तियां ग्रामीणों की ही देखरेख में है।

प्रतिमाओं को सहेजने का कोई प्रयास नही किया
ग्राम के निवासी ईश्वर सिंह 46 वर्ष का कहना है कि गांव में मिली प्राचीनकालीन प्रतिमाओं को सहेजने के लिए शासन-प्रशासन की ओर से कोई पहल नहीं की जा रही है। यहां तक की बाउंड्रीवॉल तक का निर्माण नहीं कराया गया है। उन्होंने आगे कहा कि ग्रामीणों ने बांस से स्थान का घेराव किया।

प्रतिमाओं का संरक्षण होगा: कलेक्टर
छिपछिपी में मिली प्राचीनकालीन प्रतिमाओं के विषय में कलेक्टर पीस ध्रुव ने कहा कि पुरातत्व और संस्कृति विभाग के अधिकारियों से चर्चा कर प्रतिमाओं के संरक्षण-संवर्धन के लिए आवश्यक कदम उठाया जाएगा।

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