
जगदलपुर6 मिनट पहले

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अभी ठीक हैं हॉस्टल के छात्र।
छत्तीसगढ़ में जगदलपुर के धरमपुरा में स्थित खेल परिसर के 25 छात्र फूड पॉइजनिंग के शिकार हो गए हैं। बीमार छात्रों को जगदलपुर के महारानी अस्पताल में भर्ती करवाया गया। जहां इलाज करने के बाद सभी को डिस्चार्ज भी कर दिया गया है। ऐसा बताया जा रहा है कि, एक दिन पहले सभी ने रात में चिकनकरी खाई थी। जिसके बाद एकाएक सभी बीमार हो गए थे।

बताया जा रहा है कि, धरमपुरा के खेल परिसर के हॉस्टल में एक दिन पहले बच्चों के लिए चिकनकरी समय अन्य पकवान बनाए गए थे। रात में खाना खाया और सब अपने अपने कमरे में जाकर सो गए थे लेकिन आधी रात को कुछ बच्चों को उल्टी होने शुरू हुई। बिना देर किए अस्पताल में भर्ती करवाया गया रात भर अस्पताल में रहने के बाद अगले दिन सुबह उन्हें डिस्चार्ज कर दिया गया था।
सभी की हालत ठीक
बताया जा रहा है कि, चिकनकरी खाने से जितने बच्चे बीमार हुए थे उन सब की हालत अभी ठीक है। फिलहाल सब हॉस्टल में ही हैं। इधर, अफसर फूड प्वॉइजनिंग के कारणों का पता लगाने में जुटे हुए हैं। जो बच्चे बीमार हुए थे वे सब जिले के अलग-अलग गांव के रहने वाले हैं। हालांकि, इस हॉस्टल में फूड प्वॉइजनिंग जैसी शिकायत पहली बार सामने आई है।
दंतेवाड़ा में भी मुर्गा खाने से हुए थे
बीमार कुछ दिन पहले दंतेवाड़ा जिले के पालनार गांव में मुर्गा और अंडा खाने के बाद सल्फी पीने से 11 मजदूर फूड प्वॉइजनिंग के शिकार हो गए थे। इनमें से 16 साल के एक किशोर की मौत हो गई थी। बीमार 6 मजदूरों का पालनार में और 5 लोगों का किरंदुल के परियोजना अस्पताल में इलाज किया गया। 4 मजदूरों की हालत गंभीर थी। इलाज के बाद अब सभी थी हैं।
