पत्रकार शेफाली बग्गा पर महादेव एप के प्रमोटर्स से 30 लाख लेने का आरोप

Share this

http://durgnews.in/wp-content/uploads/2026/07/SR-Hospital-2.jpeg

० दूसरे दिन भी ED के सामने पेश हुईं, प्रमोशन और डिजिटल कनेक्शन पर पूछताछ जारी

http://durgnews.in/wp-content/uploads/2026/07/SR-Hospital-1.jpeg

० बिग बॉस की पूर्व कंटेस्टेंट से लगातार दूसरे दिन सवाल-जवाब, हवाला नेटवर्क और बेटिंग एप प्रचार से जुड़े पहलुओं की जांच

रायपुर। महादेव ऑनलाइन बेटिंग एप मामले की जांच लगातार तेज होती जा रही है। पूर्व बिग बॉस कंटेस्टेंट और टीवी प्रेजेंटर शेफाली बग्गा शुक्रवार को लगातार दूसरे दिन रायपुर स्थित प्रवर्तन निदेशालय (ED) के कार्यालय पहुंचीं। जांच अधिकारी उनसे कथित तौर पर बेटिंग एप के प्रमोशन, डिजिटल गतिविधियों और संदिग्ध नेटवर्क से जुड़े मामलों में पूछताछ कर रहे हैं। शेफाली पर कथित तौर पर 30 लाख रुपए लेने का आरोप है।

इससे पहले गुरुवार को भी ईडी ने शेफाली बग्गा से करीब 5 घंटे तक पूछताछ की थी। जांच एजेंसी के मुताबिक, डिजिटल साक्ष्यों में उनके नाम से जुड़े कुछ अहम इनपुट सामने आने के बाद उन्हें दोबारा तलब किया गया है।

घटनाएं और सूचियां
डिजिटल साक्ष्य और प्रमोशनल कंटेंट की जांच

सूत्रों के अनुसार, जांच के दौरान बेटिंग एप से जुड़े प्रमोशनल वीडियो, सोशल मीडिया पोस्ट और अन्य डिजिटल सामग्री एजेंसी के सामने आई है। इन्हीं पहलुओं को लेकर ईडी शेफाली बग्गा से विस्तृत पूछताछ कर रही है।

हवाला नेटवर्क से जुड़े आरोपी से संबंधों की भी पड़ताल

ईडी महादेव ऑनलाइन बुक नेटवर्क के कथित प्रमुख हवाला ऑपरेटर खंजन जगदीश कुमार ठक्कर से जुड़े संभावित संबंधों की भी जांच कर रही है। एजेंसी का आरोप है कि खंजन भारत में महादेव नेटवर्क से जुड़े हवाला लेन-देन और वित्तीय गतिविधियों का संचालन करता था।

READ MORE  साय कैबिनेट की बैठक खत्म, बजट के पहले इन मुद्दों पर हुई चर्चा, कई प्रस्तावों पर लगी मुहर

जांच एजेंसी को यह भी संदेह है कि शेफाली बग्गा दुबई और लंदन से संचालित कथित बेटिंग ऐप्स के प्रचार-प्रसार से जुड़ी रही हैं। हालांकि, इन आरोपों पर अंतिम निष्कर्ष जांच पूरी होने के बाद ही सामने आएगा।

टेलीग्राम चैनल भी जांच के दायरे में

ईडी का दावा है कि शेफाली बग्गा एक टेलीग्राम चैनल संचालित करती हैं, जहां कथित रूप से गैर-कानूनी बेटिंग से जुड़े प्रमोशनल कंटेंट और टिप्स साझा किए जाते थे। एजेंसी इस डिजिटल नेटवर्क की भी जांच कर रही है।

इधर, महादेव एप मामले में कारोबारी विकास गर्ग की गिरफ्तारी और उनकी संपत्तियां अटैच किए जाने की कार्रवाई के बाद इस हाई-प्रोफाइल मामले की जांच और तेज हो गई है।

Share this