


दुर्ग। दाऊ श्री वासुदेव चन्द्राकर कामधेनु विश्वविद्यालय, दुर्ग अंतर्गत संचालित पशुचिकित्सा एवं पशुपालन महाविद्यालय, अंजोरा में सोमवार को 40वॉ स्थापना दिवस मनाया गया। दीप प्रज्वलन एवं अतिथियों का स्वागत कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि डॉ. मनदीप शर्मा, कुलपति नानाजी देशमुख पशुचिकित्सा विश्वविद्यालय, जबलपुर थे। कुलपति डॉ.आरआरबी.सिंह ने अध्यक्षता की। विशिष्ट अतिथि डॉ.केके.ध्रुव, अतिरिक्त संचालक पशुधन विकास विभाग छत्तीसगढ़ शासन, महाविद्यालय के अधिष्ठाता डॉ.संजय शाक्य, कुलसचिव डॉ.बीपी.राठिया, विश्वविद्यालय के निदेशकगण, अधिष्ठातागण, प्राध्यापकगण, महाविद्यालय के कर्मचारियों एवं छात्र-छात्राओं की गरिमामयी उपस्थिति में हुआ।

अधिष्ठाता डॉ.संजय शाक्य* ने स्थापना दिवस के अवसर पर महाविद्यालय के शैक्षणिक, अनुसंधान, विस्तार गतिविधियों तथा उपलब्धियों की संक्षिप्त जानकारी के साथ भविष्य की योजनाओं की रूपरेखा प्रस्तुत की। उन्होने वर्ष 2024-25 में महाविद्यालय की महत्वपूर्ण उपलब्धियों पर प्रकाश डाला। इस अवसर पर महाविद्यालय की स्थापना 8 सितम्बर 1985 से अभी तक के विवरण का संक्षिप्त लघुचित्र (वीडियो) प्रदर्शित किया गया।
कुलपति डॉ.आरआरबी.सिंह* ने अपने उद्बोधन में पशुधन के योगदान एवं महत्व को बताते हुए सभी शैक्षणिक, गैर शैक्षणिक स्टॉफ तथा छात्र-छात्राओं को बधाई एवं शुभकामना प्रेषित करते हुए कहा कि महाविद्यालय के विकास में प्राध्यापको, कर्मचारियों एवं छात्र-छात्राओं का अमूल्य योगदान है।
मुख्य अतिथि डॉ. मनदीप शर्मा, कुलपति नानाजी देशमुख पशुचिकित्सा विश्वविद्यालय, जबलपुर ने संस्था की शैक्षणिक उपलब्धियों की सराहना करते हुए विद्यार्थियों को मेहनत, अनुशासन और सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ने का संदेश दिया। विद्यार्थियों और वैज्ञानिकों के योगदान से पशुपालन के क्षेत्र में उत्तरोत्तर वृद्वि की जा सकती है 2047 तक विकसित भारत का निर्माण केवल सपना नही अपितु हमारा लक्ष्य है इसे हासिल करने में पशु वैज्ञानिकों की महत्वपूर्ण भूमिका होगी।
इस अवसर पर मुख्य अतिथि द्वारा डिजिटल ऑडियो वीडियो रिकॉर्डिग कक्ष का उद्घाटन तथा *महाविद्यालय का वार्षिक प्रतिवेदन 2024-25* एवं विश्वविद्यालय जनसंपर्क अधिकारी डॉ *.दिलीप चौधरी द्वारा संपादित एवं संकलित यूनिवर्सिटी पब्लिस्ड प्रेस न्यूज थ्रू प्रिंट एण्ड इलेक्ट्रॉनिक मीडिया का विमोचन किया गया। समारोह में छात्र-छात्राओं द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रम की मनमोहक प्रस्तुति दी गई। क्रीडा अधिकारी डॉ.शबीर अनंत ने महाविद्यालय में आयोजित विभिन्न प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्र-छात्राओं को प्रमाण पत्र का वितरण हेतु मंचासीन अतिथियों के समक्ष प्रस्तुत किया।
कार्यक्रम का संचालन डॉ.रैना दोनेरिया एवं डॉ.मीनू दुबे द्वारा आभार व्यक्त किया गया।
