बांझपन की समस्या से देश की हर चौथी महिला है प्रभावित : डॉ. मुकेश, नियमित योगाभ्यास से मिलेगी मदद

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रायपुर, 26 मार्च। छत्तीसगढ़ योग शिक्षक संघ के तत्वावधान में आयोजित 23 वें सत्र के ऑनलाइन संघ योगाभ्यास कार्यक्रम में मुख्य वक्ता योग गुरु डॉ. मुकेश कुमार सिन्हा, संस्थापक व निर्देशक, योग आनन्दम संस्थान, कमल विहार, रायपुर थे। उन्होंने बाँझपन समस्याओं पर विशेष योगाभ्यास सत्र लिया। इस सत्र में संघ अध्यक्ष अनिल चन्द्राकर ने आभार व्यक्त किया। महासचिव खोमेश साहू (यू.जी.सी.-एस.आर.एफ) ने मुख्य वक्ता का स्वागत करते हुए कहा कि अधिक उम्र में बेबी प्लानिंग करने, असंयमित जीवनशैली जीने के कारण आज बांझपन की समस्याएं समाज मे सामान्य बात हो गई है। इन कारणों से महिलाओं को अनेक प्रकार की प्रताड़ना का दंश भी झेलना पड़ता है, ऐसे समय में योग को अपनाने की महती आवश्यकता है। नितेश पटेल ने श्रोताओं का स्वागत कर कार्यक्रम का संचालन किया। मोनिका सिन्हा ने मुख्य वक्ता का जीवन परिचय प्रस्तुत करते हुए बताया कि डा मुकेश रायपुर में कई महिलाओं को योगाभ्यास कराकर इस समस्या से निजात दिला चुके है।
योग गुरु डॉ. मुकेश सिन्हा ने इस कार्यक्रम में कहा कि असंतुलित जीवनशैली, गलत खान-पान इस समस्या का प्रमुख कारण बन रहा है। महिलाओं को अपनी क्षमता बढ़ाने के लिए 8 आसन, जैसे तितली आसन, पश्चिमोत्तानासन, जानुशीर्षासन, हस्तुतानासन, पादहस्तासन, शशांक आसन, मांडूक आसन, भुजंग आसन नियमित करने चाहिए! इसके साथ अनुलोम-विलोम प्राणायाम व योग निद्रा का अभ्यास भी करना चाहिए। शक्कर, नमक व मैदा से बनी चीजें खाने से दूर रहना चाहिए। ज़्यादा से ज्यादा मुनगा की सब्जी उपयोग में लाना चाहिए।
इस संघ योगाभ्यास कार्यक्रम में श्रीमती यामिनी शर्मा ने रुपरेखा प्रबंधन, पीयूष वर्मा, सुश्री मीनू बंजारे ने तकनीकी कार्यभार व गूगल मीट, बिलासपुर से बिंदु सिंह , बलौदाबाजार से योग प्रचारक दीपक कुमार वर्मा, आसना गौतम, सुनीता वर्मा, तनुश्री चन्द्राकर, छाया प्रजापति ने सोशल मीडिया प्रबंधन के कार्यों में विशेष सहयोग प्रदान किया। अलग-अलग जिलों से जुड़कर श्रोता-दर्शकों ने कार्यक्रम का लाभ प्राप्त किया।

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