
दुर्ग न्यूज, 18 मई। दाऊ श्री वासुदेव चंद्राकर कामधेनु विश्वविद्यालय, दुर्ग में संचालित 1st छत्तीसगढ़ घुड़सवार रेजीमेंट अंजोरा में आज घुड़सवारी एवं शो जंपिंग प्रदर्शन का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम रेजीमेंट के कमान अधिकारी कर्नल (डॉ.) तुषार उपासनी के मार्गदर्शन में हुआ। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि विश्वविद्यालय के कुलसचिव डॉ.आरके सोनवणे एवं विश्वविद्यालय जनसंपर्क अधिकारी डॉ.दिलीप चौधरी उपस्थित थे।

कार्यक्रम की शुरुआत कर्नल तुषार उपासनी कमान अधिकारी 1 सीजीआर एण्ड वी. रेजीमेंट एनसीसी अंजोरा द्वारा गार्ड आफ ऑनर निरीक्षण के पश्चात शुरू हुआ। कर्नल तुषार उपासनी ने इस अवसर पर बताया कि विश्वविद्यालय के कुलपति कर्नल (डॉ.) एनपी. दक्षिणकर के नेतृत्व में एनसीसी. रेजीमेंट को विश्वविद्यालय परिसर में समस्त सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही है, साथ ही उन्होंने एनसीसी. कैडेट्स के लिए घुड़सवारी की महत्ता पर प्रकाश डालते हुए कहा इस मेहनत भरे कार्य के माध्यम से बच्चों में आत्मविश्वास, आत्मबल तथा एकाग्रता बढ़ती है, जिसकी बदौलत आगे अपनी शिक्षा में एवं कई फील्ड में जा सकते हैं। जिस तरह इस रेजीमेंट के पूर्व बच्चों ने कई क्षेत्रों में अपना नाम किया है और यह एक बहुत ही महत्वपूर्ण शिक्षा हो जाती है जिससे कि कैडेट्स सेना की विभिन्न वाहिनियों में अपना स्थान बना सके। कैडेट्स को घुड़सवारी की ट्रेनिंग दफेदार राइडर सुजीत नायक, दफेदार राइडर एस.मजूमदार द्वारा दी जा रही है। कमान अधिकारी ने बताया कि यह रेजीमेंट छत्तीसगढ़ में अपनी तरह की एकलौती एवं प्रथम रेजीमेंट है, जिसकी स्थापना 2013 में रक्षा मंत्रालय के दिशा-निर्देशानुसार हुई थी एवं 2015 से गणतंत्र दिवस शिविर एवं परेड में भागीदारी के साथ अन्य राष्ट्रीय और प्रदेश स्तर पर होने वाले विभिन्न शिविर एवं प्रतियोगिताओं में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती आ रही है। वर्तमान में विश्वविद्यालय एवं रेजीमेंट के द्वारा पशुचिकित्सा एवं पशुपालन महाविद्यालय, अंजोरा के साथ ही अन्य ग्रामीण क्षेत्रों के सरकारी विद्यालयों एवं महाविद्यालयों के कैडेट्स को एनसीसी प्रशिक्षण देने के साथ ही सामाजिक कार्यों में भी भागीदारी सुनिश्चित की जा रही है। वर्तमान में इस क्षेत्र के लगभग 15 युवाओं का चयन सेना के विभिन्न वाहिनियों में हुआ है। रेजीमेंट के प्रदर्शन और कार्यकुशलता की वजह से ग्रामीण क्षेत्रों के युवाओं में घुड़सवारी के प्रति लगन एवं रुचि लगातार बढ़ रही है। विगत वर्ष गणतंत्र दिवस के दौरान घुड़सवारी प्रतियोगिता में जो कि 26 जनवरी के उपलक्ष्य में दिल्ली में आयोजित होती है उसमें प्रतिभागियों ने कई मेडल अपने नाम किए हैं। कार्यक्रम के उपरांत कैडेट्स के द्वारा पुनीत सागर अभियान के तहत महाविद्यालय के निकट शिवनाथ नदी के तट पर प्लास्टिक एवं अन्य हानिकारक कचरे की सफाई भी की गई । कार्यक्रम में लेफ्टिनेंट (डॉ.)राजकुमार गड़पायले एनसीसी.ऑफिसर पशुचिकित्सा एवं पशुपालन महाविद्यालय, अंजोरा, दुर्ग का भी सहयोग रहा।

