भिलाई में 2 और दुर्ग में एक मिलेट कैफे खुलेगा, मिलेट्स आन व्हील भी आरंभ होगा
दुर्ग न्यूज, 7 फरवरी। मिलेट्स व्यंजनों की लोकप्रियता को देखते हुए जिले के नगरीय निकायों में 12 मिलेट्स कैफे आरंभ किये जाएंगे। यहां मिलेट्स से बनने वाले लोकप्रिय व्यंजन उपलब्ध होंगे। इसका संचालन एनयूएलएम से जुड़े महिला समूह के उद्यमी करेंगे। मिलेट्स व्यंजनों के विशेषज्ञ शेफ इन्हें बनाने का प्रशिक्षण प्रदान करेंगे। मिलेट्स कैफे के संबंध में कलेक्टर पुष्पेंद्र कुमार मीणा ने अधिकारियों से चर्चा की। उन्होंने कहा कि इसके साथ ही मिलेट्स आन व्हील भी तैयार करें ताकि मिलेट्स के पौष्टिक व्यंजनों को और लोकप्रियता मिल सके। कलेक्टर ने कहा कि भिलाई में 2 और शेष नगरीय निकायों में एक मिलेट कैफे आरंभ होगा। इस मौके पर अपर कलेक्टर श्रीमती पद्मिनी भोई, अरविंद एक्का, जिला पंचायत सीईओ अश्विनी देवांगन, भिलाई निगम आयुक्त रोहित व्यास सहित अन्य जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद रहे।
बायो फ्लाक में मछली पालन कलेक्टर ने कहा कि नगरीय निकायों के गौठान में ऐसी आजीविकामूलक गतिविधियां करनी हैं जिसमें बड़े पैमाने पर रोजगार सृजन हो। इसके लिए बड़े पैमाने पर बायोफ्लाक लगाकर मछली पालन कर सकते हैं। बायोफ्लाक में बहुत कम जगह में बड़े पैमाने पर मछली का उत्पादन होता है। यह बड़े पैमाने पर करें। इसके लिए हरसंभव मदद की जाएगी।
घर के सामने लगाएं दो पौधे
कलेक्टर ने कहा कि शहर की सुंदरता पौधों से हैं। हमारे शहर की सुंदरता हम सब की जिम्मेदारी है। मोर शहर मोर जिम्मेदारी के अंतर्गत हम सबसे अपने घर के सामने दो पौधे लगाने का आग्रह करेंगे। इसके लिए रेसीडेंसियल सोसायटी के लोगों के साथ मिलकर काम करना होगा। हर व्यक्ति घर के सामने अथवा अपने पार्क में पौधे लगाएगा तो हरियाली का दायरा स्वतः ही बढ़ जाएगा।
टैक्स बढ़ाएं, सुविधाएं बढ़ाएं
कलेक्टर ने कहा कि निगम का राजस्व बढ़ाने के लिए विज्ञापन आदि के माध्यम से अधिक राशि जुटाएं। साथ ही टैक्स कलेक्शन भी पूरी तरह होना चाहिए, इसकी लगातार मानिटरिंग करते रहें। कलेक्टर ने नगरीय निकायों के अधिकारियों को वेंडिंग जोन बनाने के संबंध में हुई कार्रवाई पर भी जानकारी ली।
पटवारी रिपोर्ट जल्दी दें
कलेक्टर ने कहा कि पटवारी और आरआई के प्रतिवेदन समय पर मिलते रहें तो राजस्व प्रकरणों का शीघ्र निराकरण हो जाता है। उन्होंने सभी एसडीएम को पंद्रह दिन से अधिक, एक महीने और दो महीने से अधिक लंबे समय तक प्रतिवेदन के लिए लंबित प्रकरणों की सूची देने कहा।
